शुभांशु शुक्ला की ऐतिहासिक अंतरिक्ष यात्रा का समापन, आज पृथ्वी पर लौटेंगे

डेस्क : अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पहुंचने वाले पहले भारतीय, ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला आज मंगलवार को धरती पर लौटेंगे. इस तरह से टीम के साथ लौटते ही एक्सिओम स्पेस के एक्स-4 कार्यक्रम के इस ऐतिहासिक मिशन का समापन होगा.गौर करें तो कक्षीय प्रयोगशाला में 18 दिनों के असाधारण प्रवास के बाद, शुभांशु शुक्ला और उनके तीन अंतरराष्ट्रीय क्रू सदस्य आज दोपहर बाद भारतीय समयानुसार 3:01 बजे कैलिफ़ोर्निया के तट से दूर प्रशांत महासागर में उतरेंगे.बता दें कि शुक्ला, अंतरिक्ष यात्री पेगी व्हिटसन (यूएसए), स्लावोज़ उज़्नानस्की-विस्नीवस्की (पोलैंड), और टिबोर कापू (हंगरी) के साथ सोमवार को 3:30 बजे स्पेसएक्स के ड्रैगन अंतरिक्ष यान “ग्रेस” में सवार हुए थे.उधर जानकारी के मुताबिक अंतरिक्ष यान ISS के हार्मनी मॉड्यूल से सुबह 7:15 बजे ड्रैगन से अनडॉक हुआ. NASA ने पुष्टि की कि हैच बंद होने की घटना 5:07 बजे EDT पर हुई और स्पेसएक्स ने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट के माध्यम से शीघ्र ही “ड्रैगन के अलग होने की पुष्टि” की घोषणा की.वहीं स्पेसएक्स ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “ड्रैगन अंतरिक्ष स्टेशन से अनडॉक होने के लिए तैयार है.”बता दें कि स्पलैश डाउन के बाद, चालक दल को रिकवरी टीमों द्वारा वापस लाया जाएगा और फिर शुक्ला माइक्रोग्रैविटी में दो सप्ताह बिताने के बाद पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण को फिर से समायोजित करने के लिए 7-दिवसीय पुनर्वास प्रोटोकॉल शुरू करेंगे.

शुक्ला का मिशन मूल रूप से 14 दिनों का था, लेकिन इसे 18 दिनों तक बढ़ा दिया गया. इससे स्टेशन पर अतिरिक्त वैज्ञानिक अनुसंधान और सहयोगात्मक कार्य की अनुमति मिल गई.इस तरह से एक्स -4 मिशन में उनकी भागीदारी उन्हें 1984 में राकेश शर्मा के पौराणिक मिशन के बाद अंतरिक्ष की यात्रा करने वाले केवल दूसरे भारतीय अंतरिक्ष यात्री बनाती है.अंतरिक्ष की कक्षा से एक मार्मिक विदाई संदेश में शुक्ला ने अपने अनुभव को “एक अविश्वसनीय यात्रा” के रूप में वर्णित किया. इसरो, नासा, एक्सिओम स्पेस और स्पेसएक्स के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *