रांची : झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र आज से शुरू हो गया है। सत्र को लेकर जहां सत्तापक्ष रणनीति बनाने में जुटा है, वहीं विपक्ष भी सरकार को घेरने के लिए कमर कस चुका है। बीते दिन कांग्रेस विधायक दल और इंडिया गठबंधन की बैठक हुई, तो आज भाजपा (BJP) विधायक दल की बैठक प्रदेश कार्यालय में नेता प्रतिपक्ष सह प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक के बाद मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल ने मीडिया से बातचीत में सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह सरकार विकास की दिशा में कम और नाम बदलने की राजनीति में ज्यादा दिलचस्पी ले रही है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम से स्थापित क्लीनिक का नाम बदलकर मदर टेरेसा रखने पर उन्होंने कहा कि यह महापुरुषों का अपमान है और सरकार ‘मदरसा से टेरेसा तक’ का सफर तय करने में लगी है। जायसवाल ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार धर्मांतरण के नाम पर एक रैकेट चला रही है, जिससे समाज में असंतुलन पैदा हो रहा है। वहीं, लगातार हो रही अतिवृष्टि से किसान त्रस्त हैं, फसलें बर्बाद हो रही हैं और किसान आत्महत्या को मजबूर हो रहे हैं, लेकिन सरकार मूकदर्शक बनी हुई है। बैठक में रिम्स-2 परियोजना, राज्य में गिरती कानून-व्यवस्था, नगर निगम चुनाव, JSSC CGL और JPSC परीक्षाओं की पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हुई। भाजपा का आरोप है कि सरकार अब SI आरक्षण (SIR) पर प्रस्ताव लाकर वोट बैंक की राजनीति कर रही है, जिससे देश की आंतरिक सुरक्षा प्रभावित हो सकती है। उन्होंने लैंड जिहाद, लव जिहाद और अब कथित ‘वोट जिहाद’ का मुद्दा उठाते हुए कहा कि भाजपा इसे किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने देगी। पार्टी की मांग है कि नगर निगम चुनाव में पिछड़े वर्गों को 27% आरक्षण दिया जाए। साथ ही, उन्होंने बिहार चुनाव आयोग के उस फैसले की सराहना की जिसमें एक महीने तक वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने की अनुमति दी गई है। भाजपा चाहती है कि यह प्रक्रिया झारखंड में भी हर साल हो।